हनुमान जयंती : दिल्ली से हरिद्वार तक बवाल, हाई अलर्ट पर उत्तराखंड

रुड़की: हुनमान जंयती पर हरिद्वार जिले के भगवाननपुरा क्षेत्र में डांडा जलालपुर गांव में शोभा यात्रा निकाली गई थी। लेकिन, इस दौर दूसरे समुदास के कुछ शरारती तत्वों ने शोभा यात्रा पर पथराव कर दिया। पथराव के बाद बवाल हुआ। कुछ जगहों पर आगजनी की घटनाएं भी देखने को मिली। देर रात तक बवाल होता रहा। डीएम और एसएसपी को मोचो संभालना पड़ा, जिसके बाद किसी तरह मामला शांत हो पाया।

कुछ शरारती तत्वों ने जलालपुर गांव के फरकपुर जाने वाले रास्ते पर एक दुकान का शटर तोड़ दिया। दुकान के सामान और काउंटर को बाहर फेंक दिया और सामान में आग लगा दी। इसके अलावा एक छप्पर में भी आग लगाई गई। पुलिस जब तक वहां पहुंचती, शरारती तत्व फरार हो चुके थे। एसपी देहात परमेंद्र डोबाल ने बताया कि इस मामले में पुलिस ने शोभा यात्रा पर पथराव करने के मामले में करीब 14 नामजद समेत 150 से 200 आरोपितों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया।

इनकी गिरफ्तारी भी की जाएगी। 30 से 40 अज्ञात लोगों के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज किया गया है। देर रात जिला अधिकारी भी मौके पर पहुंचे थे। पुलिस अधिकारी गांव में कैंप कर रहे हैं साथ ही गांव के हालातों पर पैनी नजर रखे हुए हैं। देर रात शोभा यात्रा संपन्न होने के बाद हिंदू संगठन के कार्यकर्ताओं ने हनुमान चालीसा का पाठ किया और आरोपियों पर रासुका लगाने की मांग की है। यूपी की तर्ज पर बवालियों के घर पर बुलडोजर चलाने की मांग भी उठाई है।

डांडा जलालपुर में हनुमान जन्मोत्सव को लेकर निकाली गई शोभायात्रा पर पथराव और आगजनी की घटना के बाद से हिंदू संगठनों में आक्रोश है। विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि यदि बवालियों को जल्द गिरफ्तार नहीं किया गया तो वह थाने पर बैठकर हनुमान चालीसा का पाठ करेंगे।

इतना ही नहीं जब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होती है तब तक धरना देंगे। डीएम और एसएसपी ने जल्द सभी आरोपितों की गिरफ्तारी का आश्वासन दिया है। पथराव और बवाल के बाद विश्व हिंदू परिषद के जिला मंत्री शिवप्रसाद त्यागी के नेतृत्व में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता गांव में पहुंचे जो रविवार तड़के तीन बजे तक गांव में ही डटे रहे।

गांव में पहुंचे जिलाधिकारी विनय शंकर पांडे और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डाक्‍टर योगेंद्र सिंह रावत से हिंदू संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि शोभा यात्रा पर हमला एक सुनियोजित योजना का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि जिस तरह से चुन-चुन कर शोभायात्रा में शामिल व्यक्तियों को निशाना बनाया गया, आगजनी और तोड़फोड़ की गई वह बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

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