देहरादून: देहरादून के नेहरू कॉलोनी थाना क्षेत्र अंतर्गत रिस्पना नगर में एक नवविवाहिता की संदिग्ध मौत के मामले में दहेज प्रताड़ना और हत्या का गंभीर आरोप लगा है। मृतका के भाई की शिकायत पर पति सहित ससुराल पक्ष के पांच लोगों के खिलाफ आईपीसी की धारा 304बी (दहेज हत्या), 498ए (क्रूरता) और अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने मुख्य आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की गहन जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार, मृतका कहकशा आलम (निवासी रुद्रप्रयाग) की शादी 19 नवंबर 2025 को शहबाज आलम (निवासी रिस्पना नगर, देहरादून) से हुई थी। शहबाज एक लैब टेक्निशियन के रूप में काम करते हैं। परिजनों का आरोप है कि शादी के तुरंत बाद से ही ससुराल पक्ष दहेज की मांग को लेकर कहकशा को लगातार प्रताड़ित करता रहा।
मृतका के भाई सलमान आसिफ ने थाने में दी तहरीर में बताया कि 18 फरवरी 2026 की रात कहकशा ने उन्हें फोन कर बताया था कि ससुराल वाले सहस्रधारा रोड पर प्लॉट खरीदने के लिए 50 लाख रुपये की मांग कर रहे हैं और इस बात को लेकर उसे परेशान किया जा रहा है। इसके बाद 3 मार्च 2026 को सुबह करीब 11 बजे भी कहकशा ने फोन पर बताया कि पति, सास-ससुर, देवर और ननद बहुत गुस्से में हैं और पैसों की मांग कर रहे हैं। उसी रात करीब 1:30 बजे ससुर यासीन ने मृतका के पिता को फोन कर बताया कि कहकशा को कुछ हो गया है।
परिजन तुरंत देहरादून पहुंचे और दून अस्पताल में जानकारी मिली कि कहकशा को मृत अवस्था में लाया गया था। मायके पक्ष ने आरोप लगाया कि पति शहबाज आलम, सास खुर्शीदा, ससुर यासीन, देवर सरताज और ननद शबनम ने दहेज के लिए प्रताड़ित करने के बाद उसकी हत्या कर दी।
एसपी सिटी प्रमोद कुमार ने बताया कि मृतका के भाई सलमान आसिफ की शिकायत पर सभी पांच आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। मुख्य आरोपी शहबाज आलम को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। पोस्टमार्टम की कार्रवाई पूरी हो चुकी है और शव परिजनों को सुपुर्द कर दिया गया है। पुलिस मामले की विस्तृत जांच कर रही है, जिसमें दहेज प्रताड़ना के सबूतों, कॉल डिटेल्स और गवाहों के बयानों पर फोकस है।

